2026-04-04 16:14:01
पटना/ भव्य खबर । बिहार की राजधानी पटना एक बार फिर वैश्विक बौद्धिक विमर्श का केंद्र बनने जा रही है। ग्लोबल कायस्थ कॉन्फ्रेंस (GKC) द्वारा आयोजित महादेवी वर्मा सम्मान समारोह में दुनिया के दो दर्जन से अधिक देशों के प्रतिनिधि शामिल होंगे। यह आयोजन न केवल सांस्कृतिक आदान-प्रदान का मंच बनेगा, बल्कि कायस्थ समाज की वैश्विक एकजुटता का भी प्रतीक होगा।
विश्व की 26 विभूतियों का होगा सम्मान
ग्लोबल अध्यक्ष राजीव रंजन प्रसाद ने आधिकारिक जानकारी देते हुए बताया कि 5 अप्रैल को बापू टावर के सभागार में आयोजित समारोह में विश्व स्तर पर अपनी पहचान बनाने वाली 26 हस्तियों को सम्मानित किया जाएगा। ये वे व्यक्तित्व हैं जिन्होंने साहित्य, फिल्म, संस्कृति, प्रशासन और समाज सेवा के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में अमूल्य योगदान दिया है। इन हस्तियों को अंगवस्त्र, मान-पत्र और मोमेंटो भेंट कर नवाजा जाएगा।
भविष्य की रूपरेखा पर मंथन
मुख्य समारोह से एक दिन पहले, 04 अप्रैल को लोहानीपुर स्थित एक निजी होटल में राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक बुलाई गई है। प्रदेश अध्यक्ष दीपक अभिषेक ने बताया कि इस बैठक का मुख्य एजेंडा वर्तमान परिप्रेक्ष्य में कायस्थ समाज की शैक्षणिक, आर्थिक और राजनीतिक हिस्सेदारी सुनिश्चित करना है। बैठक में समाज के गौरवशाली इतिहास को पुनर्जीवित करने के लिए एक ठोस रोडमैप तैयार किया जाएगा।
भागीदारी और नेतृत्व का संकल्प
जीकेसी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं प्रवक्ता कमल किशोर ने बताया कि पटना में होने वाली यह बैठक राजनैतिक दृष्टिकोण से भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। देश के सामाजिक और आर्थिक ढांचे में कायस्थों की प्रभावी भूमिका तय करने के लिए बिहार के सभी पदाधिकारी और सदस्य दिन-रात जुटे हुए हैं। बापू टावर में होने वाला यह कार्यक्रम समाज की बौद्धिक और संगठनात्मक शक्ति के प्रदर्शन के तौर पर देखा जा रहा है। यह आयोजन पटना को अंतरराष्ट्रीय मानचित्र पर एक नई पहचान देगा। महादेवी वर्मा सम्मान के माध्यम से जहाँ कला और साहित्य का सम्मान होगा, वहीं कार्यकारिणी की बैठक समाज के भविष्य की दिशा तय करने में मील का पत्थर साबित होगी।