2026-07-25 14:48:38
नई दिल्ली/ भव्य खबर/ रमण श्रीवास्तव। देश में चल रहे भारी छात्र आंदोलन और NEET परीक्षा विवाद के बीच एक बहुत बड़ी खबर सामने आई है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार को कैबिनेट से अपना इस्तीफा दे दिया और अपना त्यागपत्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेज दिया है। पिछले कई हफ्तों से विपक्ष और जंतर-मंतर पर डटे छात्र लगातार उनके इस्तीफे की मांग कर रहे थे।
10 दिनों के घटनाक्रम से आहत हूं – प्रधान की भावुक चिट्ठीइस्तीफे की घोषणा करते हुए धर्मेंद्र प्रधान ने सोशल मीडिया पर एक लंबी चिट्ठी पोस्ट की। उन्होंने लिखा:
धर्मेंद्र प्रधान ने अपनी चिट्ठी में पिछले 10 दिनों की घटनाओं पर दुख जताते हुए कहा कि यह मामला छात्रों के भविष्य से जुड़ा है और वे नहीं चाहते कि छात्र कानूनी या राजनीतिक विवादों में उलझें। उन्होंने स्पष्ट किया कि NEET-UG अनियमितताओं की जांच CBI को सौंप दी गई है और उन्होंने छात्रों के हित में पद छोड़ने का फैसला किया है, साथ ही कुछ लोगों द्वारा छात्रों को गुमराह करने पर निराशा भी व्यक्त की।
जंतर-मंतर पर 36 दिनों से जारी आंदोलन की जीत
दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और छात्र संगठनों का 36 दिनों से जारी आंदोलन और नॉन-नेगोशिएबल इस्तीफे की मांग के बाद, चौतरफा दबाव में धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दिया।
राजनीतिक हलकों में मची हलचल
इस घटनाक्रम को विपक्ष ने युवाओं की जीत बताया है और अब शिक्षा मंत्रालय के अगले प्रभार को लेकर चर्चा तेज हो गई है। प्रधान ने पीएम मोदी और शिक्षा मंत्रालय की टीम का आभार व्यक्त किया है।