2026-04-19 18:17:46
देहरादून/ भव्य खबर । उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज देहरादून स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय में एक महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने नारी शक्ति वंदन अधिनियम (महिला आरक्षण बिल) के मुद्दे पर कांग्रेस सहित विपक्षी दलों के रवैये की कड़ी आलोचना की। मुख्यमंत्री ने विपक्ष के व्यवहार को लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत और देश की महिलाओं का अपमान बताया।
मुख्य बिंदु:
विपक्ष पर तीखा प्रहार: मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं को निर्णय लेने की प्रक्रियाओं में समान भागीदारी देने के लिए यह एक ऐतिहासिक कदम था। हालांकि, कांग्रेस, सपा, टीएमसी और डीएमके ने अपने राजनीतिक स्वार्थ के कारण इसे सफल नहीं होने दिया।
अधिकारों को दबाने का इतिहास: धामी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस का इतिहास हमेशा से महिलाओं के अधिकारों को टालने और दबाने का रहा है। उन्होंने कहा कि जब आरक्षण को ठोस रूप देने की पहल हुई, तो विपक्ष ने भ्रामक तर्कों और राजनीतिक गणित का सहारा लेकर इसमें बाधा डाली।
परिसीमन पर स्पष्टता: केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के संसद में दिए गए वक्तव्य का हवाला देते हुए मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि परिसीमन की प्रक्रिया से किसी भी क्षेत्र के प्रतिनिधित्व पर प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ेगा। इसके विपरीत, यह एक न्यायसंगत और संतुलित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करेगा।
मातृशक्ति का जवाब: सीएम धामी ने जोर देकर कहा कि आज देश की मातृशक्ति जागरूक और सजग है। उन्होंने विश्वास जताया कि जो दल महिलाओं के सशक्तिकरण के मार्ग में रोड़ा बन रहे हैं, उन्हें आने वाले समय में देश की महिलाएं करारा जवाब देंगी।