2026-03-12 17:09:31
अयोध्या/ भव्य खबर। ईरान-इजराइल युद्ध और अंतरराष्ट्रीय तनाव ने अयोध्या में एलपीजी गैस की आपूर्ति बाधित कर दी है, जिससे स्थानीय मठ-मंदिरों की सामूहिक रसोइयां और प्रसाद निर्माण पर बुरा असर पड़ा है। अमावा मंदिर प्रशासन ने गैस उपलब्ध न होने से प्रतिदिन 10 हजार श्रद्धालुओं को भोजन कराने वाली ‘श्रीराम रसोई’ को बंद कर दिया है। हनुमानगढ़ी के करीब 150 दुकानदारों के सामने लड्डू बनाने का संकट खड़ा हो गया है क्योंकि कारखानों में उत्पादन बंद है। यह स्थिति गैस की कमी के कारण पैदा हुई है, जिससे होटल-रेस्टोरेंट कारोबार और श्रद्धालुओं की भोजन व्यवस्था चरमरा गई है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक ‘श्रीराम रसोई’ के बाहर प्रशासन ने सूचना चस्पा कर दी है। मंदिर के मैनेजर के मुताबिक अंतरराष्ट्रीय युद्ध के तनाव से देश में पैदा हुए गैस संकट के कारण रसोई को समय से पहले बंद करना पड़ा है। अब यह सेवा तभी शुरू होगी जब गैस की आपूर्ति सामान्य हो जाएगी। इस फैसले से दूर-दराज से आने वाले हजारों श्रद्धालुओं को निःशुल्क भोजन मिलना बंद हो गया है, जो एक गंभीर आपातकालीन स्थिति है। संकट की आंच सिद्धपीठ हनुमानगढ़ी तक भी पहुंच गई है। प्रसाद विक्रेता ने बताया कि गैस न मिलने से लड्डू का उत्पादन ठप है और केवल पुराना स्टॉक ही बेचा जा रहा है। यहां हर दुकानदार रोजाना 30 से 40 किलो लड्डू तैयार करता है। व्यापारियों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय हालातों के कारण यदि यही स्थिति रही, तो अयोध्या का प्रसिद्ध प्रसाद उद्योग पूरी तरह बंद हो सकता है। रिपोर्ट के मुताबिक गैस किल्लत का सीधा असर अयोध्या के होटल और रेस्टोरेंट सेक्टर पर भी पड़ रहा है। एक रेस्टोरेंट संचालक के मुताबिक पिछले दो दिनों से सिलेंडर मिलना मुश्किल हो गया है और घरेलू बुकिंग भी प्रभावित है। स्थानीय व्यापारियों और संतों का मानना है कि यदि जल्द आपूर्ति सामान्य नहीं हुई, तो लागत बढ़ने के साथ-साथ पर्यटकों को भोजन के लिए भटकना पड़ेगा। अंतरराष्ट्रीय तनाव की यह आंच अब आम लोगों की रसोई से लेकर अयोध्या की सेवा परंपरा तक महसूस की जा रही है। योगी सरकार सतर्क, अधिकारियों को दिए निर्देश उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों में रसोई गैस एजेंसियों के बाहर उमड़ती भीड़ को देखते हुए राज्य सरकार ने पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की आपूर्ति बाधित होने की खबरों के बीच कालाबाजारी से निपटने के लिए कमर कस ली है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को पूरे राज्य में कड़ी निगरानी और कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिला प्रशासन और आपूर्ति विभाग की टीम ने तेल और रसोई गैस की जमाखोरी एवं कालाबाजारी को रोकने के लिए नोएडा से गोरखपुर तक जगह-जगह छापे मारे। अधिकारियों ने कहा कि मजिस्ट्रेट और प्रवर्तन दल गौतम बुद्ध नगर समेत विभिन्न जिलों में पेट्रोल पंपों और गैस एजेंसियों पर सघन निरीक्षण कर रही है ताकि इन चीजों की कालाबाजारी न हो सके। लखनऊ समेत राज्य के कई हिस्सों से रसोई गैस सिलेंडर लेने के लिए बेचैन घरेलू उपभोक्ताओं की लंबी कतारें देखी गईं। कुछ लोगों ने कहा कि वे सिलेंडर पाने के लिए कई घंटों से इंतजार कर रहे थे। यहां कैसरबाग समेत शहर के कुछ स्थानों पर कुछ गैस एजेंसियों के बाहर रसोई गैस सिलेंडर लेने के लिए लोगों की लंबी कतारें देखी गईं। हालांकि, अधिकारियों ने साफ किया कि घबराने की कोई जरूरत नहीं है और हालात पर नजर रखी जा रही है।